COOLECTION - यात्रा POEM - कच्ची सड़क
यह कच्ची सड़क l
कहाँ जाती है l
पता नहीँ ll
चला जा रहा हूँl
उस पर l
अलसाया हुआ l
घबराया हुआ l
कुंठित सा l
यह कच्ची सड़क l
कहाँ जाती है l
पता नहीँ ll
काँटेदार झाड़ियाँ हैँ l
पथरीली सतह है l
और चिलचिलाती धूप भी l
यह कच्ची सड़क l
कहाँ जाती है l
पता नहीँ ll
रात होने से पहले l
पहुँचना चाहता हूँ l
मँजिल पर l
मँजिल कहाँ है l
यह भी पता नहीँ l
यह कच्ची सड़क l
कहाँ जाती है l
पता नहीँ ll
नंगे पैर चल रहा हूँ l
अपने छालोँ को गिन रहा हूँ l
फिर भी चल रहा हूँ l
यह कच्ची सड़क l
कहाँ जाती है l
पता नहीँ ll
यह क्षण हैँ l
अवसाद भरे l
कच्ची बेरी सा l
स्वाद भरे l
कभी पानी l
कभी आग भरे l
यह कच्ची सड़क l
कहाँ जाती है l
पता नहीँ ll
कहाँ जाती है l
पता नहीँ ll
चला जा रहा हूँl
उस पर l
अलसाया हुआ l
घबराया हुआ l
कुंठित सा l
यह कच्ची सड़क l
कहाँ जाती है l
पता नहीँ ll
काँटेदार झाड़ियाँ हैँ l
पथरीली सतह है l
और चिलचिलाती धूप भी l
यह कच्ची सड़क l
कहाँ जाती है l
पता नहीँ ll
रात होने से पहले l
पहुँचना चाहता हूँ l
मँजिल पर l
मँजिल कहाँ है l
यह भी पता नहीँ l
यह कच्ची सड़क l
कहाँ जाती है l
पता नहीँ ll
नंगे पैर चल रहा हूँ l
अपने छालोँ को गिन रहा हूँ l
फिर भी चल रहा हूँ l
यह कच्ची सड़क l
कहाँ जाती है l
पता नहीँ ll
यह क्षण हैँ l
अवसाद भरे l
कच्ची बेरी सा l
स्वाद भरे l
कभी पानी l
कभी आग भरे l
यह कच्ची सड़क l
कहाँ जाती है l
पता नहीँ ll

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